श्री गणेश गायत्री मंत्र | Shri Ganesh Gayatri Mantra

shri ganesh gayatri mantra

Gayatri Mantra

गणेश गायत्री मंत्र

एकदन्ताय् विद्महे वक्रतुण्डाय धीमहि।
तन्नो दन्ती प्रचोदयात्॥ (गणपत्युपनिषद्)

तत्पुरुषाय विद्महे वक्रतुण्डाय धीमहि।
तन्नो दन्ती प्रचोदयात्॥(नारायणोपनिषद्)

तत्कराटाय विद्महे हस्तिमुखाय धीमहि।
तन्नो दन्ती प्रचोदयात्॥(मैत्रायणीसंहिता)

लम्बोदराय विद्महे महोदराय धीमहि।
तन्नो दन्ती प्रचोदयात्॥(अग्निपुराण)

महोत्कटाय विद्महे वक्रतुण्डाय धीमहि।
तन्नो दन्ती प्रचोदयात्॥(अग्निपुराण)